बता दें कि कई हाईप्रोफाइल मामलों का पर्दाफाश करने वाले जबलपुर ईओडब्ल्यू के एसपी देवेंद्र प्रताप सिंह राजपूत को रविवार के दोपहर ब्रेन स्ट्रोक आ गया। उन्हें इलाज के लिए जबलपुर अस्पताल में भर्ती किया गया।चिकित्सकों ने बेहतर इलाज के लिए दिल्ली के मेदांता अस्पताल ले जाने की सलाह दी है। राजपूत के ब्रेन स्ट्रोक की खबर मिलते ही पुलिस महकमे से लेकर प्रशासनिक हलकों में हड़कंप मच गया। सभी बड़े अधिकारी तबियत के बारे में जानकारी लेने अस्पताल पहुंचे।
जबलपुर/मध्यप्रदेश।
घूसखोरी व भ्रष्टाचार में लिप्त कई हाईप्रोफाइल चेहरों को बेनकाब करने में अहम भूमिका निभाने वाले मध्यप्रदेश के जबलपुर EOW एसपी देवेन्द्र प्रताप सिंह राजपूत की हालत फिलहाल स्थिर है हालांकि अभी डाक्टर्स ने उनकी हालत खतरे से बाहर नहीं बताई है लेकिन पिछले 48 घंटों में उनकी हालत में भले ही कोई सुधार नहीं आया लेकिन कोई गिरावट भी उनके स्वास्थ्य में नजर नहीं आई जिसके बाद डाक्टर्स ने इसे अच्छे संकेत बताए है। फिलहाल गुड़गांव के मेदांता में उनका इलाज जारी है।
क्या था पूरा मामला

प्राप्त जानकारी के अनुसार,पुलिस अधीक्षक ईओडब्ल्यू (आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ) देवेंद्र प्रताप सिंह राजपूत को रविवार दोपहर अचानक ब्रेन स्ट्रोक हुआ। स्टाफ ने उन्हे तत्काल शहर के निजि अस्पताल में भर्ती कराया। हालत बिगड़ने पर उन्हे ग्रीम कारीडोर बनाकर एयरलिफ्ट कर गुड़गांव के मेदांता अस्पताल भेजा गया है। घटना की सूचना मिलने पर एडीजीपी उमेश जोगा, डीआइजी आरआर सिंह परिहार, कलेक्टर इलैयाराजा टी, एसपी सिद्धार्थ बहुगुणा, एसपी स्पेशल ब्रांच आशीष खरे, एसपी लोकायुक्त संजय साहू सहित ईओडब्ल्यू के सभी अधिकारी अस्पताल पहुंच गए।
बताया जा रहा है कि देवेंद्र प्रताप सिंह राजपूत ईओडब्ल्यू कार्यालय की बिल्डिंग में ही ऊपर निवास करते हैं। रोजाना सुबह साइकल चलाते है। रविवार को सुबह भी साइकल चलाई। सुबह करीब 11 बजे तक वह साइकिल चलाते रहे। इसके बाद घर पर थे। दोपहर में करीब एक बजे उन्होने अपने गनमैन व ड्राइवर से बोला कि बीपी ठीक नहीं लग रहा है, घबराहट हो रही है, अस्पताल ले चलो। गनमैन व ड्राइवर उनको गाड़ी में बैठाकर अस्पताल के लिए रवाना हुए। गाड़ी में बैठने के बाद ही उनको झटके लगना शुरू हो गए और अचानक ब्रेन स्ट्रोक हुआ। उनको तत्काल शहर के निजी अस्पताल में भर्ती कर लिया गया।

अस्पताल में चिकित्सकों ने जांच कर उनकी हालत गंभीर बताई। जिसकी जानकारी पुलिस व ईओडब्ल्यू के वरिष्ठ अधिकारियों को जानकारी दी गई। अधिकारियों ने तत्काल मेदांता अस्पताल गुड़गांव में बात की। ईओडब्ल्यू एसपी राजपूत को एयरलिफ्ट करने की तैयारी की गई। रात में करीब साढ़े सात बजे एयर एंबुलेंस दिल्ली से रवाना हुई और रात साढ़े नौ बजे डुमना एयरपोर्ट पहुंची। इधर, ग्रीन कारीडोर बनाकर अस्पताल से राजपूत को डुमना एयरपोर्ट ले जाया गया। अस्पताल से डुमना तक पूरे मार्ग पर पुलिस व यातायात के जवानों को तैनात किया गया। बिना रुके एसपी राजपूत को एंबुलेंस से डुमना पहुंचाया गया। उनको वेंटीलेटर पर रखा गया। एयर एंबुलेंस में शिफ़्ट किया गया। जिसके बाद एयर एंबुलेंस ने उड़ान भरी। गुड़गांव में देवेंद्र राजपूत को मेदांता अस्पताल में भर्ती कर उपचार शुरू कर दिया गया है।
कई बड़े मामलों का पर्दाफाश किया

आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो के पुलिस अधीक्षक के तौर पर हाल के दिनों में देवेंद्र प्रताप सिंह राजपूत ने कई बड़ी कार्रवाईयां की हैं। जिसमें आरटीओ रहे संतोष पाल के ठिकानों पर छापा मारकर अकूत दौलत का पर्दाफाश किया तो वही द बोर्ड ऑफ एजुकेशन चर्च ऑफ नार्थ इंडिया के चेयरमैन रहे बिशप पीसी सिंह के काले कारनामों का खुलासा भी उनकी ही अगुआई में हुआ है।दोनों ही मामलों में ईओडब्ल्यू की टीमें लगातार जांच कर रही है।
