भोपाल/मध्यप्रदेश………….
सरकार बदलते ही नेताओं को अधिकारियों और कर्मचारियों को बदलने की पुरानी बीमारी है। इसके तहत गठबंधन के साथ कांग्रेस प्रदेश में सरकार बनाने जा रही है। वही नई सरकार के बनते ही पीसीसी चीफ कमलनाथ ही वो चेतावनी भी सफल होते नजर आ रही है ,जिसमें उन्होने कहा था अफसर सही से काम करे वरना 11 के बाद 12 भी आएगी। खबर है कि कांग्रेस के सरकार में आते ही प्रदेश में एक बड़ी प्रशासनिक सर्जरी की जाएगी। सत्ता में आते ही कांग्रेस द्वारा मुख्यमंत्री सचिवालय के अफसर, कलेक्टर और कई आईपीएस-आईएएस को बदला जाएगा। इसके साथ ही भाजपा सरकार के कार्यकाल में छह माह का एक्सटेंशन पाने वाले मुख्य सचिव बीपी सिंह का पुर्नवास अब खतरे में पड़ता दिखाई दे रहा है। खबर है कि कांग्रेस द्वारा जल्द ही मुख्यमंत्री सचिवालय के अधिकतर अफसरों को बदला जाएगा। हालांकि सचिवालय में पहले पदस्थ रहे अफसरों को कांग्रेस सरकार में फिर मौका मिलने की संभावना है।इनमें कई विभागों में लंबे समय से एक ही स्थान पर जमे अफसरों और एक दर्जन जिलों के कलेक्टरों को भी बदले जाने की कवायद तेज है । इसके अलावा मुख्य सचिव बीपी सिंह का कार्यकाल इसी माह समाप्त हो रहा है। इसके चलते नई सरकार में मुख्यमंत्री की ताजपोशी के साथ ही नया मुख्य सचिव नियुक्त भी नियुक्त होने की पूरी संभावना है। माना जा रहा है कि सबसे वरिष्ठ आईएएस और माध्यमिक शिक्षा मंडल के अध्यक्ष एसआर मोहंती, चिकित्सा शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव राधेश्याम जुलानिया और पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के अपर मुख्य सचिव इकबाल सिंह बैंस में से किसी एक को नया मुख्य सचिव बनाया जा सकता है।
