बता दें कि रेलवे ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दो अफसरों आरोपी राजेश तिवारी और आलोक मालवीय को निलंबित कर दिया गया है। मंडल में राजेश तिवारी डीआरएम कार्यालय में सीनियर सेक्शन इंजीनियर सेफ्टी और आलोक मालवीय भोपाल स्टेशन पर सीनियर सेक्शन इंजीनियर विद्युत के पद पर कार्यरत थे। युवती की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी राजेश तिवारी और आलोक मालवीय को गिरफ्तार कर लिया है। वही डीआरएम उदय बोरवणकर ने शनिवार रात को ही मामले में जांच के आदेश दिए थे। रेलवे की प्राथमिक जांच में भी दोनों आरोपित मिले हैं इसलिए यह कार्रवाई की गई है। विस्तृत जांच रिपोर्ट 2 अक्टूबर तक आने की संभावना है।
भोपाल/मध्यप्रदेश।
मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में नौकरी का झांसा देकर लड़की से सामूहिक बलात्कार करने का मामला सामने आया है। भोपाल रेलवे स्टेशन के वीआईपी गेस्ट हाउस में 22 साल की लड़की के साथ गैंगरेप किया गया है। आरोप रेलवे के एक अफसर और उसके दोस्त पर है। लड़की को जॉब दिलाने का झांसा देकर भोपाल बुलाया गया था। पुलिस ने दोनों आरोपी अफसरों को गिरफ्तार कर लिया है।
क्या है पूरा मामला

प्राप्त जानकारी के अनुसार,रेलवे एसपी हितेश चौधरी ने बताया कि लड़की उत्तरप्रदेश के महोबा जिले की रहने वाली है। रेलवे में अधिकारी राजेश तिवारी से वह कुछ महीने पहले फेसबुक के जरिए संपर्क में आई थी। दोनों के बीच होने वाली बातचीत में राजेश उसे जॉब दिलाने का ऑफर देता था। तय हुआ था कि लड़की भोपाल आएगी। यहां उसे नौकरी दिलवा दी जाएगी।
शनिवार को लड़की भोपाल एक्सप्रेस से भोपाल आई। यहां राजेश ने उसे रेलवे स्टेशन के वीआईपी गेस्ट हाउस में ठहरा दिया। इसके बाद उसने अपने दोस्त को भी बुला लिया। तीनों के बीच बातचीत के दौरान लड़की को खाने में नशीला पदार्थ मिलाकर दे दिया गया। इसके बाद उसके साथ रेप किया गया।
आरोपियों के चंगुल से किसी तरह से छूटकर लड़की जीआरपी थाने पहुंची और शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने लड़की की शिकायत पर राजेश तिवारी और उसके दोस्त के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है। पुलिस ने प्लेटफार्म नंबर-1 के वीआईपी रेस्ट रूम सील कर दिया है। कमरे के अंदर से शराब की खाली बोतलें और आपत्तिजनक सामान भी बरामद किया गया है।
कर्मचारी नेता थे दोनों
आरोपी राजेश तिवारी कैरिज वैगन में जूनियर इंजीनियर और अभी सेफ्टी काउंसलर के पद पर काम कर रहे थे वही आरोपी आलोक मालवीय विद्युत अनुरक्षण में सीनियर सेक्शन इंजीनियर है। दोनों आरोपी कर्मचारी नेता हैं और पश्चिम मध्य रेलवे संघ यानी डब्ल्यूसीआरएमएस के पदाधिकारी भी हैं।
और भी मामलों का हो सकता है खुलासा
मामले में पूछताछ जारी है पुलिस को आशंका है कि इस तरह के और मामले सामने आ सकते हैं। इसलिये गेस्ट हाउस के पुराने रिकॉर्ड की पड़ताल की जा रही हैं। इन अधिकारियों के कहने पर कब कब रेस्ट हाउस में कमरे बुक किये थे और उनमें कौन कौन रुका था।
