बालाघाट/मध्यप्रदेश।
बालाघाट के लांजी में मृत पिता की बॉडी मांगने पर बेटे की पिटाई करने वाले थप्पड़बाज सीएमओ पर गाज गिरी है। बालाघाट कलेक्टर ने सीएमओ देवेन्द्र मर्सकोले को जिला शहरी अभिकरण कार्यालय में अटैच कर दिया है।
जिसके स्थान पर लांजी की नायब तहसीलदार सारिका परस्ते को अपने कार्य के अलावा आगामी आदेश तक मुख्य नगरपालिका अधिकारी, नगर परिषद लांजी का प्रभार सौंपा गया है।
मंगलवार को सीएमओ देवेन्द्र मर्सकोले का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ था जिसमें सीएमओ मर्सकोले एक युवक को अस्पताल के बाहर गालियां देते हुए पीटते हुए नजर आ रहे थे। इस दौरान पुलिस भी उनके साथ थी, लेकिन पुलिसकर्मियों ने सीएमओ को रोकने की कोशिश नहीं की। वीडियो वायरल होने के बाद से ही सीएमओ को हटाने की मांग की जा रही थी।
क्या था पूरा मामला
प्राप्त जानकारी के अनुसार,25 अप्रैल की रात हरिचंद्र कालबेले के बीमार होने पर परिजन उसे लेकर लांजी अस्पताल आये थे। जहां उसे भर्ती कराने के बाद अस्पताल प्रबंधन ने कहा कि सुबह आ जाना, जिसके बाद दूसरे दिन 26 अप्रैल को जब परिजन अस्पताल पहुंचे तो पता चला कि भर्ती हरिचंद्र कालबेले की मौत हो गई। परिजन बुजुर्ग का शव मांगने लगे, लेकिन अस्पताल प्रबंधन ने मृतक के कोविड मरीज होने की बात कहकर शव देने से मना कर दिया गया। जब परिजनों ने मृतक परिवार के बुजुर्ग की कोरोना रिपोर्ट मांगी तो वह भी उपलब्ध नहीं करवाई गई। जिस पर जब परिजन नाराजगी जाहिर करने लगे तो नगर परिषद सीएमओ देवेन्द्र मर्सकोले गुंडागर्दी की स्टाईल में नाराजगी जाहिर कर रहे युवक को अश्लील गालियां देते हुए उसके साथ मारपीट करने लगे। इस दौरान किसी ने उसका वीडियो बना लिया और उसे सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर डाल दिया। कोरोना काल में मरीज की मौत से परेशान परिजन के साथ सीएमओ द्वारा की गई शर्मनाक हरकत को देखने के बाद लोगों में तीखी प्रतिक्रियाएं देखी गई। वहीं क्षेत्रीय जनप्रतिनिधि और पूर्व जनप्रतिनिधियों ने भी घटना की निंदा करते हुए शासन प्रशासन से कार्यवाही की मांग कर डाली थी।
परिजनों ने पुलिस थाने में लिखित शिकायत दी,जांच का आश्वासन
दूसरी ओर गत दिवस 27 अप्रैल को सीएमओ की मारपीट से आहत परिवार के द्वारा पुलिस थाने में लिखित शिकायत दी गई है। जिसमें पुलिस अब जांच में जुटी है। एसडीओपी दुर्गेशआर्मो का कहना है कि सीएमओ के खिलाफ पीड़ित परिवार की ओर से लिखित शिकायत की गई है। जिसमें जांच की जा रही है,अस्पताल प्रबंधन से लेकर घटना के दौरान नजर आ रहे पुलिसकर्मियों से घटनाक्रम को लेकर पूछताछ की जायेगी। नगर परिषद देवेन्द्र मर्सकोले के अमानवीय व्यवहार के बाद अब उसकी कुंडली खंगाली जाने लगी है।
वर्ष 2020 में नगर परिषद शहपुरा में सीएमओ प्रभारी रहते हुए देवेंद्र मार्सकोले पर 2 लाख 71 हजार रुपए के भ्रष्टाचार के आरोप है। कोरोना काल में कोरोना रोकथाम को लेकर शासन से भेजी गई राशि में गबन के साथ ही गरीबों को कोरोना काल में दिए जाने वाले अन्न में गड़बड़ी की थी।
