बता दें कि यह पहला मौका नहीं था जब डर्टी चैट के आरोप में घिरे टीआई पर इस तरह के विवादों का नाम ना आया हो। बता दें कि टीआई कैलाश नारायण त्रिपाठी का विवादों से चोली दामन का साथ रहा है। इससे पहले भी
टीआई विवादों के घेरे में आ चुके हैं।पिछोर थाना में एक महिला के साथ वीडियो बनने पर चर्चा में आए।
लॉकडाउन में मुरैना में एक ढाबा खुलवाकर लोगों खाना खिलाते का वीडियो वायरल हुआ।
कोरोना से पति की मौत के बाद थाना पहुंची महिला से अभद्रता कर केबिन से भगाने का वीडियो वायरल पर चर्चा में आए।
एक महीने तक दुष्कर्म पीड़िता को थाना के चक्कर लगवाए, राजीनामा करने दबाव डाला।
ग्वालियर/मध्यप्रदेश।
जब रक्षक ही भक्षक की भूमिका निभाने लगे तो आम जनता किस पर विश्वास करें। जब थानों के अंदर ही महिला सुरक्षा नही तो समाज में क्या संदेश जाएगा। कुछ ऐसे दागदार चेहरे सम्पूर्ण महकमे की साख पर बट्टा लगाते हैं। दरअसल,ऑटो चालक महिला को थाने में बुलाकर उसके साथ चैंबर में छेडख़ानी करने में फंसे टीआइ कैलाश नारायण त्रिपाठी (केएन त्रिपाठी) को आईजी अविनाश शर्मा ने गुरुवार शाम को बर्खास्त कर दिया है। टीआइ त्रिपाठी की करतूत सामने आने पर तत्काल निलंबित कर पुलिस लाइन में पदस्थ किया गया था। दरअसल इस टीआई के ऊपर लंबे समय से मामला दर्ज था और वह फरार चल रहा था। टीआइ केएन त्रिपाठी पर बहोड़ापुर में रहने वाली महिला ने थाने बुलाकर छेडख़ानी का आरोप लगाया था।
क्या था पूरा मामला

प्राप्त जानकारी के अनुसार,अक्टूबर 2020 में एक ऑटो चालक महिला ने टीआई के ऊपर सोशल मीडिया पर डर्टी चैट करने के आरोप लगाए थे। इतना ही नहीं महिला का आरोप था कि वह जब टीआई से मिलने पहुंची तो उन्होंने थाने के अंदर अपने केबिन में उसके साथ छेड़खानी की। कंपू थाने के तत्कालीन टीआई के.एन. त्रिपाठी ने इन सभी आरोपों को बेबुनियाद बताया था और कहा था कि महिला उनको जबरन फंसा रही है। लेकिन जब एसपी अमित सांघी ने इस पूरे मामले की जांच की तो महिला के बयानों में सच्चाई पाई गई जिसके बाद टीआई के खिलाफ न केवल एफ आई आर दर्ज की गई बल्कि उन को निलंबित भी कर दिया गया था। हालांकि पुलिस उन्हें पकड़ने में नाकामयाब रही और अब उनको बर्खास्त कर दिया गया है।
कैसे हुई डर्टी चैट की शुरुआत
18 अक्टूबर 2020 को पुलिस ने एक युवक को शराब नशे में जेएएच अस्पताल के पास पकड़ा था। जब इस युवक की पत्नी को यह बात मालूम पड़ी तो वह ऑटो चालक महिला के पास गई और उसे साथ लेकर टीआई के पास पहुंची। ऑटो चालक महिला को देखकर टीआई साहब उस पर लट्टू हो गए और फिर उन्होंने उस महिला का नंबर ले लिया। फिर क्या था टीआई साहब ने महिला को सोशल मीडिया पर डर्टी चैट भेजना शुरू किया। उससे दिन मे चार-चार बार बात करने लगे,उसकी खूबसूरती के कसीदे पढ डाले। महिला ने यह सब जानकारी महिला बाल विकास के एक व्यक्ति को बताई जिसने उस महिला की मदद की और उसे एसपी के पास ले गया। जब महिला एसपी के पास पहुंची तब भी टीआई का फोन आया और महिला ने स्पीकर पर उससे बात की। जिसके तुरंत बाद एसपी ने टीआई को निलंबित कर दिया। इसके बाद टीआई पर एफ आई आर दर्ज की गई लेकिन टीआई फरार हो गए और लंबे समय तक फरार रहने के कारण अब उन्हें आईजी अविनाश शर्मा ने बर्खास्त कर दिया है।
पीड़िता को धमकाने की कोशिश
थाने के अंदर महिला के साथ छेडख़ानी का मामला सामने आने पर एसपी सांघी ने टीआइ त्रिपाठी को निलंबित किया था। पीड़िता की शिकायत पर त्रिपाठी पर केस दर्ज किया था। इस दौरान पीड़िता ने जनकगंज थाने में टीआई त्रिपाठी पर धमकाने और गवाही पलटने की शिकायत दर्ज कराई थी।
व्हाट्सएप चैट के कुछ अंश
पीड़िता ने महिला काउंसलर से बात कर ने के बाद जब टीआइ से वॉटसएप पर चैट की तो इस तरह उसके इरादों को बेनकाब किया है।
टीआइ : हाय, आप टाइम निकालकर 5 मिनट के लिए आओ
पीड़िता : मगर मैं चाहती हूं मिलने से पहले आप स्पष्ट बात करें
टीआइ : आप जल्दी समझ गईं
पीड़िता : घबराओं नहीं मैं गलत नहीं समझी हूं
टीआइ : आओगी तो क्या खाओगी, बोलो
पीड़िता : वही खा लेंगे जो आप खिलाओगे
टीआइ : अरे घबराओं नहीं खुलकर बात करो
पीड़िता : आप खुलकर अपनी बात कहो तभी तो मैं कह पाऊंगी।





इनका कहना
एसपी अमित सांघी ने बताया कि थाने में महिला से छेडख़ानी कर केएन त्रिपाठी ने घृणित कार्य किया है। गुरुवार शाम को आईजी अविनाश शर्मा ने निरीक्षक केएन त्रिपाठी को बर्खास्त किया है।
