बता दें कि सब इंस्पेक्टर रणजीत यादव अपनी ड्यूटी करने के साथ रक्तदान, पौधरोपण, नशामुक्ति, यातायात, शिक्षा और सुरक्षा के प्रति जागरूकता, गरीब असहायों की मदद करना जैसे सामाजिक कार्य करते रहते हैं। उन्हें सामाजिक कार्यो के चलते कई पुरस्कार मिल चुके हैं।
अयोध्या/उत्तरप्रदेश।
गरीब व असहायों व्यक्तियों की सहायता के लिए हमेशा तत्पर रहने वाले उत्तरप्रदेश पुलिस के दरोगा रणजीत यादव का ह्रदय मानवीय संवेदनाओं से भरा पड़ा है। जिसका एक औऱ उदाहरण देखने को मिला। दरअसल,
कोतवाली रूदौली के मड़हा पुल बैरियर पर ड्यूटी कर रहे जनपद-अयोध्या में नियुक्त सब-इंस्पेक्टर रणजीत यादव ने देखा कि एक व्यक्ति अपनी मोटर साईकिल को पैदल खिचते हुए रूदौली की तरफ से मडहा-पुल की तरफ चला आ रहा है। दारोगा रणजीत ने पूछा
“क्यों पैदल जा रहे हो ? गाड़ी खराब हो गयी है क्या?”
तो मोटर साईकिल को पैदल ले जा रहे युवक ने कहा-
“सर हम अपनी रिश्तेदारी ईचौलिया गाँव थाना-पटरंगा गये थे वहाॅ गमी हो गयी थी। वापस अपने घर खण्डासा जा रहे थे रूदौली बाजार पार करते ही मेरी मोटर साईकिल का पेट्रोल खतम हो गया। वही से पैदल गाडी खीचकर घर जा रहा हूॅ।”
दरोगा ने पूछा-“आगे इतनी दूर क्यों जा रहे हो पैदल जबकि रूदौली में पेट्रोल मिल जाता।”
तो उस व्यक्ति ने बताया-
“साहब मेरे पास पेट्रोल भरवाने के लिए पैसा ही नही है। इसीलिए मजबूरी में लगभग 4 किमी चलकर आ गया हूँ और अभी 3 किमी आगे जाना भी है।”
बैरियर पर संदिग्ध वाहनों और व्यक्तियों की चेकिंग कर रहे दारोगा रणजीत यादव ने मोटर साईकिल खड़ी कराकर अपने हमराही कांस्टेबल ॠषि कुमार और सुधाकर को पैसा देकर अमानीगंज से बोतल में पेट्रोल मंगवाया। तब जाकर वह व्यक्ति आराम से जा सके। सहायता पाकर विजय कुमार ने उत्तरप्रदेश पुलिस को धन्यवाद कहा।


इनका कहना
सब इंस्पेक्टर रणजीत ने बताया कि हमारी छोटी सी सहायता से किसी के चेहरे पर जो मुस्कान बिखरती है इससे हमें बेहद खुशी मिलती है।
