बता दें कि,कांग्रेस ने रविवार को मध्यप्रदेश की बीजेपी सरकार पर राज्य की मतदाता सूची में 60 लाख फर्जी वोटर्स के नाम शामिल कराने का आरोप लगाया है पार्टी ने चुनाव आयोग से इसकी शिकायत की है चुनाव आयोग ने मामले की जाँच के लिए चार टीमें बनाई चारों टीमें अपनी जांच कर सात जून तक अपनी रिपोर्ट जमा करेंगी
भोपाल/मध्यप्रदेश……..
चुनाव आयोग ने कांग्रेस द्वारा मध्य प्रदेश में फर्जी वोटर के संबंध में लगाए गए आरोपों की जांच के लिए चार टीमें गठित की हैं। कांग्रेस ने मध्य प्रदेश में लाखों फर्जी मतदाताओं के पंजीकृत होने के आरोप लगाए थे। आयोग ने नरेला, भोजपुर, होशंगाबाद और सियोनी मालवा विधानसभा क्षेत्रों में मतदाता सूची को सत्यापित करने के लिए प्रत्येक दो सदस्यों वाली चार टीमें बनाई हैं।
चारों टीमें सोमवार से अपनी जांच शुरू करेंगी और सात जून तक अपनी रिपोर्ट जमा करेंगी। इन विधानसभा क्षेत्रों में एक मतदाता अलग-अलग नामों के साथ-साथ कई विधानसभा क्षेत्रों में सूचीबद्ध है, जिसको लेकर कांग्रेस ने चुनाव आयोग के समक्ष एक ज्ञापन प्रस्तुत किया था, जिसके कुछ घंटे बाद चुनाव आयोग ने यह कदम उठाया है।
क्या है मामला…….
कांग्रेस की मध्यप्रदेश यूनिट के अध्यक्ष कमलनाथ के नेतृत्व में पार्टी के एक प्रतिनिधिमंडल ने निर्वाचन अधिकारियों से मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल ने आरोप लगाया कि राज्य में बीजेपी सरकार ने मतदाता सूची में 60 लाख फर्जी वोटर्स के नाम शामिल किए हैं।
साथ ही राज्य के 230 विधानसभा क्षेत्रों की मतदाता सूची से इस तरह के सभी नामों को हटाने की अपील की है। फिलहाल चुनाव आयोग ने जांच के आदेश दिए हैं।
