बता दें कि इंदौर लोकायुक्त ने खरगोन दिले के गोगांव में दबिश देकर पटवारी की करोड़ों की संपत्ति का राज खोला। गुरुवार अलसुबह पहुंची टीम ने पटवारी के आवास के अलावा कई ठिकानों पर छापा मारा। कई जगहों पर मकान, दुकान व खेती की जमीन पटवारी ने खुद के नाम और परिजनों के अलावा रिश्तेदारों के नाम खरीदी है। पूरी प्रॉपर्टी का अभी आकलन किया जा रहा है। बैंक के लॉकर्स भी खुलवाने की तैयारी में लोकायुक्त की टीम है।
खरगोन/इंदौर/मप्र।
मध्यप्रदेश के सरकारी विभागों में रिश्वतखोरी थमने का नाम नहीं ले रही है। लोकायुक्त की लगातार कार्रवाई से भ्रष्ट अधिकारी और कर्मचारियों की करोड़ों की काली कमाई सामने आ रही है। दरअसल राजस्व विभाग में पदस्थ पटवारी करोड़ों की आसामी निकला है।

दरअस लइंदौर की लोकायुक्त टीम ने खरगोन के पटवारी जितेंद्र सोलंकी के यहां कार्रवाई की। लोकायुक्त टीम ने पटवारी के गौरीधाम स्थित मकान सहित एक साथ चार ठिकानों पर कार्रवाई की जा रही है। आय से अधिक संपत्ति के मामले में टीम ने यह कार्यवाई की। प्रारंभिक जांच में पटवारी के पास करोड़ों की संपत्ति होना पाया गया है। पटवारी के घर में 4.50 लाख रुपये नगदी के अलावा सोने-चांदी के आभूषण, एलआइसी की पालिसी भी है। इसके अलावा पटवारी की इंदौर में छह दुकानों के अलावा चंदन नगर में मकान भी है।
क्या है पूरा मामला

प्राप्त जानकारी के अनुसार पटवारी जितेंद्र सोलंकी गोगांवा तहसील में पांच साल से पदस्थ हैं। इनके खिलाफ शिकायत के आधार पर गोपनीय सत्यापन करवाया गया, जिसमें शिकायत सही पाई गई थी। उसके बाद आय से अधिक मामले पंजीबद्ध किया गया। फिर कार्रवाई की गई है।
जानकारी के मुताबिक लोकायुक्त टीम ने पटवारी के खरगोन में गौरीधाम कॉलोनी स्थित मकान सहित अन्य 4 जगहों पर भी दबिश दी। प्रारंभिक जांच में इंदौर के चंदन नगर में 6 दुकान व एक फ्लैट, खरगोन के राधा वल्लभ मार्केट में एक दुकान, ईश्वरी नगर में तीन मंजिला मकान, एक चार पहिया वाहन व दो टू व्हीलर, मूलथान और मोघन में कृषि भूमि के साथ गोगांवा में दुकान होने की जानकारी मिली है। लोकायुक्त टीम की खरगोन के मकान पर जांच दोपहर 12 बजे तक तक चली। इंदौर लोकायुक्त डीएसपी संतोष भदौरिया और प्रवीण बघेल के नेतृत्व में 22 सदस्यीय टीम पटवारी के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति को लेकर छानबीन कर रही है।
धनकुबेर पटवारी की करोड़ों की काली कमाई का खुलासा

लोकायुक्त डीएसपी प्रवीण बघेल ने बताया कि पटवारी के पास आय से अधिक संपत्ति पाई गई है, जिसमें गौरीधाम में दो मंजिला मकान मिला। इस इंटीरियर लग्जरी है। इसके लगभग सभी कमरों में AC और साज-सज्जा के सारे सामान हैं। ईश्वरी नगर में 4 मंजिला मकान बनाया हुआ है, जिसे किराए से दिया हुआ है। इसके अतिरिक्त राधावल्लभ मार्केट में एक दुकान को वेरिफाई किया गया है।

डीएसपी के अनुसार पटवारी के पास उसके पैतृक गांव मूलथान में भी दो मकान हैं। एक मकान का निर्माण हो रहा है। वहां 11 एकड़ जमीन भी है। इंदौर में 6 छोटी दुकानें मिली हैं। इसके अलावा मोघन, महुमांडली और बिस्टान गांव में अपनी बहनों के नाम पर इन्वेस्ट किया है, इस बात की पुष्टि हुई है। इनके पास टाटा इंडिका कार और 2 दो पहिया वाहन हैं। इनके घर से करीब ढाई लाख रुपए के सोने की और 60 हजार की चांदी की ज्वैलरी मिली है। वहीं, लगभग साढ़े चार लाख रुपए के कैश मिला है।

इनका कहना
डीएसपी ने बताया कि जितेंद्र की नौकरी की शुरुआत 1998 में हुई थी। इनका 25 साल का सेवा काल हो चुका है, जिसमें लगभग 60 लाख रुपए की आय वेतन से हुई है। वहीं, इनके पास से लगभग 1 करोड़ 71 लाख की संपत्ति का खुलासा हो चुका है। अभी खरगोन के गौरीधाम स्थित मकान के अलावा बाकी के ठिकानों पर जांच हो रही है।
