सतना/मध्यप्रदेश…………….
सतना में रविवार को एक सिपाही की सड़क दुर्घटना में मौत की खबर सामने आई थी। जिसमें एक नया मोड़ आ गया है। नयागांव थाना में पदस्थ सिपाही प्रबल प्रताप सिंह पिता रमेश सिंह 28 वर्ष की सड़क दुर्घटना में हुई मौत एक हादसा नहीं बल्कि हत्या बताई जा रही है।हैरानी की बात तो ये है कि अपने ही थाने के आरक्षक की हत्या को नयागांव थाना पुलिस सड़क दुर्घटना बताते हुए सच पर पर्दा डालती रही लेकिन देर रात सच सामने आ गया लेकिन यह तभी संभव हो सका जब एसपी खुद थाने पहुंचे। आरक्षक की हत्या और उस पर पर्दा डालने की नया गांव थाना पुलिस की इस कोशिश ने सतना पुलिस पर एक बार फिर सवालिया निशान लगा दिए हैं। हालांकि एसपी ने इस हरकत पर थाना प्रभारी को जबरदस्त फटकार लगाई है और आरक्षक के हत्यारों की तलाश भी शुरू करा दी है।
क्या है पूरा मामला…………….
प्राप्त जानकारी के मुताबिक जब पुलिस को इस बात की भनक लगी तो पुलिस ने घटना की बारीकी से जांच करनी शुरू की। रविवार देर रात पुलिस अधीक्षक रियाज इकबाल पुलिस फोर्स के साथ घटनास्थल पहुंचे। जहां पुलिस के हाथ कई सुबूत लगे। साथ ही नयागांव थाना पुलिस की लापरवाही भी सामने आई।
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि सिपाही को कुचलने वाले आरोपी चिह्नित कर लिए गए हैं। एक टीम बनाकर उनकी तलाश शुरू कर दी है। उनका कहना है कि डीजल लोड ट्रैक्टर चालकों ने प्रबल प्रताप सिंह को कुचला है। पथरा गांव के पास बल प्रताप सिंह ने चैकिंग के दौरान ट्रैक्टर को रोककर कागज दिखाने को कहा था।
कागज नहीं मिलने पर सिपाही प्रबल प्रताप सिंह ने उन्हें थाने चलने को कहा। जिसके बाद वो लोग ट्रैक्टर लेकर भाग गए प्रबल प्रताप ने उनका पीछा किया। पीछा करते समय उन्होंने उसे टक्कर मार दी जिसमें सिपाही की टायर के नीचे दबने से मौत हो गई। बताया जा रहा है कि इस दौरान ट्रॉली पलट गई और आरोपी ट्रॉली छोड़ ट्रैक्टर लेकर भाग निकले। ये ट्रैक्टर उत्तरप्रदेश के कर्वी कोतवाली की भरतकूप चौकी इलाके के अंतर्गत राम अवतार पटेल का बताया जा रहा है। ट्रैक्टर राम अवतार के दोनों लड़के चला रहे थे।
गंभीर हालात में आरक्षक को हॉस्पिटल में लाया गया जहाँ उनकी मृत्यु हो गयी।
शादी की पहली सालगिरह पर दिया था न्यौता लेकिन एक दिन पहले हो गई मौत,पत्नी का रो-रो के बुरा हाल है………..
आरक्षक प्रबल प्रताप सिंह पिता रमेश सिंह 28 वर्ष निवासी बन्नामऊ थाना लालगंज जिला रायबरेली वर्ष 2014 में रतलाम में पुलिस सेवा में आया था। तीन वर्ष पहले वह स्थानान्तरित होकर सतना आया। प्रबल पिछले ढाई साल से नयागांव थाना में पदस्थ था। उसका विवाह ठीक एक साल पहले 15 जून को हुआ था। प्रबल ने पत्नी को तीन माह पहले ही नयागांव बुलाया था। शादी की पहली सालगिरह के लिए प्रबल ने थाना के स्टाफ व अन्य लोगों को आमंत्रित किया था लेकिन शादी की सालगिरह के एक दिन पहले ही उसकी असमय मौत हो गई। पत्नी का रो-रो के बुरा हाल है।
नयागांव पुलिस की लापरवाही हत्या को दुर्घटना बताने का प्रयास…………..
सिपाही की मौत को दुर्घटना बताने का प्रयास नयागांव पुलिस के द्वारा किया जा रहा था। वरिष्ठ अधिकारियों को भी घटना के बारे में ब्रीफ कर बताया गया कि सिपाही की मौत एक सड़क दुर्घटना है। इस मामले में देर रात पुलिस अधीक्षक रियाज इकबाल को कुछ ऐसे तथ्य मिले जिन्होंने उन्हें भी हैरान कर दिया। आरक्षक की मौत से जुड़े इस सनसनीखेज मामले के सच से पर्दा उठाने वाले इनपुट मिलते ही एसपी रियाज इकबाल रात लगभग साढ़े 11 बजे नयागांव थाना जा पहुंचे। उन्होंने रात में ही मौका-ए-वारदात का मुआयना भी किया और पूरे घटनाक्रम से जुड़ी जानकारियां भी जुटाईं।
इनका कहना…………..
पुलिस अधीक्षक ने कहा कि सिपाही की मौत हादसा नही है बल्कि उसे जानबूझ कर ट्रैक्टर से कुचला गया है। पुलिस अधीक्षक ने कहा कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए रक्षित निरीक्षक सत्य प्रकाश मिश्रा, कोटर थाना प्रभारी गोपाल चौबे, सिंहपुर थाना प्रभारी सुधांशु तिवारी, मझगवां थाना प्रभारी ओपी सिंह चोंगड़े, बरौंधा टीआई के अलावा अन्य पुलिस टीम को आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगाया गया है।
