बता दें कि डिस्ट्रिक्ट कमांडेन्ट होमगार्ड महेश कुमार हनोतिया ने बताया साहसी कार्य करने पर भोपाल में स्वतंत्रता दिवस समारोह 2021 के अवसर पर होमगार्ड जवान कैलाश बोरकर सम्मानित होंगे। यह दूसरा मौका है जब खंडवा से राष्ट्रपति पदक के लिए होमगार्ड सैनिक को चुना गया है। बोरकर ने अपने सेवा काल में नर्मदा घाट 280 लोगों की जान बचाई है।
भोपाल/मध्यप्रदेश।
लोगों की ज़िंदगी बचाने के लिए अपने प्राणों की परवाह किए बिना अपने कर्त्तव्य को निभाने वाले ओंकारेश्वर के नर्मदा घाट पर तैनात रहकर 55 वर्षीय होमगार्ड सैनिक कैलाश बोरकर ने 280 लोगों को डूबने से बचाया है। उनकी सेवा व परिश्रम को देखते 15 अगस्त को स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर उन्हें सम्मानित किया जाएगा। सम्मान भोपाल में आयोजित मुख्य समारोह में मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान करेंगे। बोरकर को राष्ट्रपति पदक से नवाजा जाएगा। कैलाश बोरकर ने अपनी 22 साल की नौकरी में 280 लोगों को डूबने से बचाया है। बेहद अच्छे तैराक के रूप में उनकी पहचान है। और यही कारण है कि अच्छी तैराकी की वजह से उनकी ड्यूटी अक्सर ओंकारेश्वर में नर्मदा नदी के घाटों पर रहती है। यहां नर्मदा स्नान के समय डूबते लोगों को बचाने के लिए उन्होंने कई बार साहस दिखाया। उनके इसी साहसी कार्य को देखते हुए राष्ट्रपति पदक से सम्मानित किया जा रहा है। भोपाल में रविवार को होने जा रहे स्वतंत्रता दिवस समारोह में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान उन्हें सम्मानित करेंगे।
ओंकारेश्वर में नर्मदा घाट पर कई जिंदगियो को बचाया

कैलाश बोरकर ने ओंकारेश्वर में नर्मदा घाट पर कई जिंदगियो को बचाया है। अक्सर यहां दर्शन करनें या फिर घूमनें आने वाले लोग अति उत्साह के चलतें नर्मदा नदी के गहरे पानी में मनाही के बावजूद चले जाते है और फिर कई बार पैर फिसलने या तैरना न आने के कारण डूबने लगते है, ऐसी ही विकट परिस्थितियों में कैलाश उनकी जान बचाने गहरे पानी में भी कूद जाते है। और उन्हें बचा कर ले आते है। कैलाश बोरकर राष्ट्रपति पदक मिलने से उनके परिजनों के साथ ही विभाग में भी उत्साह का माहौल है। विभाग के अधिकारियों ने कैलाश बोरकर को बधाई देकर खुशी जताई है।
