बता दें कि पुरानी छावनी थाना क्षेत्र के निरावली तिराहे पर वर्ष 2016 में रेत माफिया ने मुरैना से पीछा करते हुए आ रहे वनकर्मी की कुचलकर हत्या की थी। इससे पहले पुरानी छावनी थाने से सटे बानमोर थाना क्षेत्र में खनन माफिया पर कार्रवाई करने पहुंचे आईपीएस नरेन्द्र कुमार को भी खनन माफिया ने ट्रैक्टर से कुचलकर मार डाला था।
ग्वालियर/मध्यप्रदेश।
रेत माफिया को पकड़ने के लिए घात लगाए बैठी पुलिस पार्टी पर रेत माफिया के गुर्गों ने हमला कर दिया। माफिया की तरफ से हुई ताबड़तोड़ फायरिंग के कारण घेराबंदी किए बैठी पुलिस पार्टी में भगदड़ मच गई। माफिया के गुंडों ने टीआई सुधीर सिंह कुशवाहा को गिरकर बेरहमी से पीटा। उन्हें ट्रैक्टर से कुचलने की कोशिश की गई। टीआई कुशवाहा ने नाले में कूदकर जान बचाई। अंचल में 24 घंटे में रेत माफियाओं की पुलिस पर अटैक की सिलसिलेवार दूसरी वारदात है।गुरूवार को रेत माफियाओं ने दतिया पुलिस पर अटैक किया था। शुक्रवार सुबह पुरानी छावनी उनके निशाने पर आई।

क्या है पूरा मामला
प्राप्त जानकारी के अनुसार,ग्वालियर के पुरानी छावनी थाना पुलिस की टीम ने सूचना के बाद आज मुरैना जिले से चंबल से रेत लाकर ग्वालियर में सप्लाई करने वाले रेत माफिया के खिलाफ कार्रवाई की। टीआई सुधीर सिंह कुशवाह के नेतृत्व में थाने का फोर्स ने जब जलालपुर अंडर ब्रिज में ट्रैक्टर ट्रॉलियों को दोनों तरफ डंपर लगाकर घेरा तो रेत माफिया ने फायरिंग कर दी और ट्रैक्टर से डंपर को गिराने की कोशिश की जिसमें डंपर के पास खड़े टीआई सुधीर सिंह कुशवाह घायल हो गए। उन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
लेकिन फायरिंग से पुलिस घबराई नहीं और पुलिस ने ताकत दिखाते हुए चंबल की अवैध रेत से भरी हुई 5 ट्रैक्टर ट्रॉली पकड़ ली। पुलिस ने रेत लेकर आ रहे 6 रेत माफियाओं को गिरफ्तार किया और इनके कब्जे से दो कट्टे ,6 जिंदा राउंड सहित बरामद किये। पुलिस अन्य आरोपियों की तलाश कर रही है।
पुलिस पार्टी में भगदड़,टीआई ने नाले में कूदकर जान बचाई
रेत माफिया के हमले के लिए पुलिस तैयार नहीं थी। फायरिंग होते ही पुलिस पार्टी में भगदड़ मच गई। इंस्पेक्टर सुधीर सिंह कुशवाहा को माफिया के गुर्गों ने चारों तरफ से घेर कर मारपीट शुरू कर दी। पुलिस पार्टी द्वारा खड़ी की गई डंपर पर ट्रैक्टर से टक्कर मारी। डंपर के साथ खड़े इंस्पेक्टर सुधीर सिंह कुशवाह घायल हो गए। पुलिस डिपार्टमेंट में दहशत फैलाने के लिए रेत माफिया ने टीआई कुशवाहा की तरफ ट्रैक्टर दौड़ा दिया। माफिया को पकड़ने टीम लेकर आये टीआई ने नाले में कूद कर अपनी जान बचाई। साथी पुलिस कर्मियों ने तत्काल टीआई को बचाया और गोला का मंदिर बिड़ला अस्पताल पहुंचाया।
रेत चोरों ने पुलिस पर हावी होने के लिए दनादन फायर भी ठोंके, इससे पुलिस बैकफुट पर आ गई। जिस जगह पर पुलिस पर अटैक हुआ वहां खुला मैदान हे तो जान बचाने के लिए पुलिसकर्मी भी जहां जगह मिली उधर भागे। इसका फायदा उठाकर रेत चोर खेतों में ट्रैक्टर घुसा कर भाग गए।
