शहडोल/मध्यप्रदेश।
रिश्वत के खिलाफ लोकायुक्त द्वारा लगातार कार्रवाई की जा रही है। लेकिन पैसो की लालच ने लोगो को इतना अंधा कर दिया है कि वे घूस लेने से बाज नही आ रहे है।
रीवा लोकायुक्त पुलिस ने शहडोल जिले में दबिश देते हुए पंचायत सचिव को 3500 रुपए की रिश्वत लेते हुए ट्रैप किया है। बताया गया कि प्रधानमंत्री आवास की मजदूरी का पैसा एवं पीएम आवास की तीसरी किश्त निकालने के एवज में 4 हज़ार रुपए रिश्वत की मांग की गयी थी। आरोपी पंचायत सचिव आदित्य तिवारी को 3500 रुपये की रिश्वत लेते हुए रीवा लोकायुक्त पुलिस ने रंगे हाथ पकड़ लिया है। कार्रवाई पूरी होने के बाद पंचायत सचिव को जमानत पर रिहा कर दिया गया है।
क्या है पूरा मामला
प्राप्त जानकारी के अनुसार,लोकायुक्त कार्यालय रीवा फरियादी शिव कुमार पटेल पुत्र इंद्रपाल पटेल ने आदित्य तिवारी पंचायत सचिव ग्राम पंचायत सनौसी जनपद पंचायत जयसिंहनगर जिला शहडोल पर मजदूरी जारी करने तथा तीसरी किस्त देने की एवज में रुपयेे मांगे जाने का आरोप लगाया था। शिकायत जाँच कराए जाने पर पुष्ट पाई गई। जिसके बाद मंगलवार को लोकायुक्त द्वारा ट्रैपिंग कार्रवाई की गई है।
शिकायतकर्ता शिवकुमार पटेल एवं उसके पिता इंद्रपाल पटेल के प्रधानमंत्री आवास की मजदूरी का पैसा एवं तीसरी किश्त निकालने के एवज में शिकायतकर्ता से 4000 रुपये रिश्वत की मांग की गई। आरोपित ने शिकायत सत्यापन के दौरान 500 रुपये ले लिए। शेष 3500 रुपये लेते हुए मंगलवार को रंगे हाथ पकड़ा गया। ट्रैप कार्रवाई में निरीक्षक प्रमेंद्र कुमार के नेतृत्व में निरीक्षक डीएस मरावी एवं 20 सदस्य शामिल रहे।
इनका कहना
शिकायत मिली थी जिसके बाद पंचायत सचिव को 3500 रुपये की रिश्वत लेते हुए ट्रैप किया गया है। उनके विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला पंजीकृत कर लिया गया है मामले की जांच की जा रही है।
–राजेंद्र वर्मा,एसपी लोकायुक्त रीवा।
